पंचतत्व में विलीन हुए अटल बिहारी, दत्तक पुत्री नमिता ने दी मुखाग्नि

0
14

New Delhi/Alive News : भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी शुक्रवार शाम पंचतत्व में विलीन हो गए। दिल्ली के स्मृति स्थल पर राष्ट्र ने उन्हें नम आंखों से अंतिम विदाई दी। वाजपेयी द्वारा गोद ली गई बेटी नमिता ने उन्हें मुखाग्नि दी। इस दौरान वहां मौजूद सभी लोग हाथ जोड़े खड़े रहे। सभी की आंखों में आंसू थे।वाजपेयी का अंतिम संस्कार पूरे राजकीय सम्मान के साथ संपन्न किया गया।

इससे पहले सुबह उनकी पार्थिव देह फूलों से सजे तोपगाड़ी में उनके घर से भाजपा मुख्यालय लाई गई। यहां दोपहर 1.30 बजे तक अनेक नेताओं समेत सैकड़ों लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। करीब 2 बजे अंतिम यात्रा शुरू हुई जो करीब 4 बजे स्मृति स्थल पहुंची। सात किमी लंबे रास्ते में पीएम नरेंद्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, मप्र के सीएम शिवराज सिंह समेत अनेक भाजपा शासित राज्यों के सीएम, नेता व हजारों लोग पैदल चले। दिल्ली की जिस सड़क से अंतिम यात्रा गुजरी वहां सैकड़ों लोगों ने अपने प्रिय नेता के अंतिम दर्शन किए।

अंतिम सफर में चले साथ
दोपहर दो बजे दीन दयाल उपाध्याय मार्ग स्थित नए भाजपा मुख्यालय से अंतिम यात्रा शुरू हुई। फूलों से सजी सेना की तोपगाड़ी में तिरंगे में लिपटी अटलजी की पार्थिव देह ताबूत में रखी गई थी। उनके नजदीकी परिजन इसी वाहन में सवार थे। मोदी, शाह व शिवराज के अलावा गुजरात के सीएम विजय रुपानी, महाराष्ट्र के देवेंद्र फडणवीस, उप्र के योगी आदित्यनाथ, हरियाणा के मनोहर लाल खट्टर समेत कई सीएम व भाजपा नेता पूरे रास्ते पैदल चले।

राष्ट्रपति भी पहुंचे अंत्येष्टि में
अंत्येष्टि से पहले श्रद्धांजलि देने के लिए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, नेपाल के विदेश मंत्री प्रदीप कुमार ग्यावली, श्रीलंका के कार्यवाहक विदेश मंत्री लक्ष्मण किरिल्ला, बांग्लादेश के विदेश मंत्री अबुल हसन मेहमूद अली वली, अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई समेत अनेक नेता पहुंचे।

नातिन निहारिका को सौंपा गया तिरंगा
नातिन निहारिका ने वाजपेयी के पार्थिव शरीर पर से तिरंगा ग्रहण किया। उस पल स्मृति स्थल पर मानों घड़ी की सुई कुछ देर के लिए थम गई, पूरा माहौल गमगीन था। बेटी, नातिन और परिवार के लोग ही नहीं स्मृति स्थल पर मौजूद हर किसी की आंखों में आंसू थे। सियासत की दुनिया का उन्हें ‘अजातशत्रु’ कहा जाता था क्योंकि उन्होंने हमेशा दोस्त बनाए, दुश्मन उनका कोई नहीं था।

सेना के तीनों अंगों के प्रमुखों ने दी सलामी
अंतिम संस्कार से पहले स्मृति स्थल पर सेना के तीनों अंगों के प्रमुखों ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को सलामी दी। इस दौरान राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, गृहमंत्री राजनाथ सिंह, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, भाजपा के दिग्गज नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी समेत बड़ी हस्तियां मौजूद रहीं।

विदेशी नेताओं ने भी वाजपेयी को दी श्रद्धांजलि
भूटान नरेश जिग्मे खेसर, अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई, बांग्लादेश, नेपाल, श्रीलंका के विदेश मंत्रियों समेत कई विदेशी नेताओं ने भी वाजपेयी को श्रद्धांजलि दी।

गूंजे ‘अटल बिहारी अमर रहें’ के नारे
पूरे अंतिम यात्रा मार्ग में ‘अटल बिहारी अमर रहें’, ‘जब तक सूरज–चांद रहेगा, अटलजी का नाम रहेगा’, ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’, जैसे नारे गूंजते रहे। पूरे रास्ते अटलजी के चाहने वाले उन पर पुष्प वर्षा करते रहे।

भाजपा कार्यालय में मोदी, शाह, योगी ने की अगवानी
अटलजी की पार्थिव देह जब भाजपा मुख्यायल लाई गई तो यहां पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री राजनाथ सिंह, उप्र के राज्यपाल राम नाईक, सीएम योगी आदित्यनाथ ने द्वार पर अगवानी की। यहीं भूटान नरेश जिग्मे केसर नामग्येल वांगचुक व ब्रिटिश उच्चायुक्त डोमिनिक एस्क्वेथ ने श्रद्धांजलि अर्पित की। यहां अंतिम दर्शन के लिए देश के विभिन्न भागों से आए लोगों का सैलाब उमड़ पड़ा।

45 हजार जवान तैनात रहे
अंतिम यात्रा के दौरान अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। करीब 45 हजार जवानों को चप्पे-चप्पे पर तैनात किया गया। कई मार्ग बंद किए गए व बैरिकेड लगाए गए, लेकिन अंतिम दर्शन के लिए उमड़े लोग उन्हें तोड़कर आगे बढ़ गए। अंतिम यात्रा दिल्ली के कई घने इलाकों से गुजरी, जहां लोगों ने सड़कों के अलावा घरों की छतों व बालकनियों से भी अंतिम दर्शन किए।

सुबह घर पर दी श्रद्धांजलि
वाजपेयी की पार्थिव देह गुरुवार शाम एम्स से कृष्ण मेनन मार्ग स्थित उनके घर लाई गई थी। गुरुवार रात से शुक्रवार सुबह तक अनेक नेताओं व शीर्ष अफसरों ने उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। सुबह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, आंध्र के सीएम चंद्रबाबू नायडू, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल, सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत, नौसेना प्रमुख सुनील लांबा, संघ प्रमुख मोहन भागवत, द्रमुक के कार्यकारी अध्यक्ष एमके स्टालिन, एमडीएमके नेता वाइको ने पूर्व पीएम को पुष्पचक्र अर्पित किए।

मुलायम, केजरीवाल भी आए
भाजपा कार्यालय में श्रद्धांजिल देने वालों में सपा नेता मुलायम सिंह यादव, दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, भाकपा नेता डी. राजा, तमिलनाडु के सीएम के. पलानीसामी शामिल थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here