पितृ देते है तन का सुख : कृष्णा स्वामी महाराज

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Faridabad/Alive News : सैक्टर-9 कोठी न0182-183 में पवन बजाज, सलोचना बजाज सहित समस्त बजाज परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का आयोजन बडी धूमधाम से किया जा रहा है। इस भागवत गीता में अरूण बजाज, लक्ष्मी अवतार, कशिश बजाज, धुव्र अवतार, अक्षत बजाज, नारायण अवतार, कमल बजाज व समस्त बजाज परिवार की ओर से श्रीमद भागवत गीता का सफल आयोजन किया जा रहा है।

इस अवसर पर मनमोहक एवं सुंदर झांकियो में कशिश बजाज ने लक्ष्मी अवतार, अक्षत बजाज धु्रव अवतार व कमल बजाज ने नारायण अवतार का रूप धारण का सभी को मन मोहा और सभी ने उनको इस रूप की प्रशंसा की। इस अवसर पर भागवत में प्रसिद्ध संत श्री महामंडलेश्वर श्री कृष्णा स्वामी जी महाराज बताया कि पाप 3 प्रकार से होता है। मन से बुरा सोचकर, वाणी से बुरा बोलकर, काया से बुरे कर्म करने से होता है। तीन प्रकार से ही पापो की विकृति होती है। मन का पाप प्रभु स्मरण से, वाणी का पाप कीर्तन के द्वारा, काया का पाप कथा सुनने से समाप्त होता है।

पाप बढने से वाणी में क्रोध, मन में दुख, काया में रोग स्थिरता से रहने लगते है। संत श्री महामंडलेश्वर श्री कृष्णा स्वामी जी महाराज ने कहा कि देवता मन का सुख, ग्रह ध्र का सुख, पितृ तन का सुख देते है। तीनो की अराधना नित्य करने वाला सांसारिक सुख पाता है। जैसे सुबह का भोजन सायंकार समाप्त हो जाता है सांयकार फिर से भोजन करना पडता है ऐसे ही सुबह शाम दोनो समय देवताओं, ग्रहों, पित्रों की आराधना करने से भक्ति तृप्ति, मुक्ति की प्राप्ति संभव होती है। आज जड़ भारत चरित्र, राजेन्द्र की कथा, प्रहलाद चरित्र वामन अवतार कथा वाचन हूआ।

1 जनवरी को श्री राम अवतार एवं कृष्ण जन्मोत्सव की कथा का आयोजन किया जायेगा। इस श्रीमद भागवत गीता में अजय जुनेजा एमएएफ प्रधान, रमेश गुप्ता विश्व हिन्दू परिषद हरियाणा, विनीत गर्ग संयुक्त सचिव, भारत विकास परिषद, सहित उद्योगपति श्री एम.पी.रूंगटा, आर.के.जैन, जे.पी.गुप्ता, आदि आकर आनंद उठाया।

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