सोने की थाली छोड़ घास की रोटी खाई : पंवार

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Kurukshetra/Alive News : कुछ लोग हार के भी जीत जाते हैं। कुछ लोग जीत के भी हार जाते हैं। नहीं दिखते अकबर के बूत कहीं। महाराणा हर चौराहे पर नजर आते हैं। ये शब्द डॉ अशोक कुमार वर्मा ने पुष्प वर्षा करते हुए कहे। आज महाराणा प्रताप जयंती पर उन्हें रोटी बैंक शाखा द्वारा पुष्प अर्पित कर नमन किया गया।

डॉ भारतेन्दु हरीश ने कहा कि महाराणा प्रताप वीरता और पराक्रम के प्रतीक थे। उन्होंने देश की स्वाधीनता और स्वाभिमान के लिए मुगलों के विरुद्ध लड़ाई लड़ी। यदि वो चाहते तो मुगलों से समझौता कर ऐश्वर्यपूरण जीवन जी सकते थे। राज पंवार ने कहा कि सोने की थाली छोड़ कर जंगलों में घास की रोटी खाना स्वीकार किया लेकिन मुगलों के सामने झुके नहीं।

ऐसे महान भारतवर्ष के महान योद्धा वीर महाराणा प्रताप की जयंती पर उन्हें पुष्प अर्पित कर नमन किया। डॉ अरुण धीमान और कर्म चंद ने संयुक्त रूप से कहा कि महाराणा प्रताप भारतवर्ष के वीर सपूत, महान योद्धा और अद्भुत शौर्य और साहस के प्रतीक थे। इस अवसर पर कर्म चंद, डॉ अरुण धीमान, पंकज ठकराल आदि उपस्थित रहे।

 

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